Patrakaar,Balvinder Singh,
Alwar 27 news, Sach ke sath,
श्री गुरु तेग बहादुर जी की 350वीं शहीदी शताब्दी को समर्पित झांकी यात्रा शाम असम से रवाना होकर मंगलवार को शाम को अलवर पहुंची। सुबह यात्रा करीब अलवर से रवाना हो करे करीब 4:00 बजे मुबारिकपुर पहुंचने पर विधायक सुखवंत सिंह ने श्रद्धालुओं का स्वागत किया।
यात्रा का उद्देश्य गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान और धर्म रक्षा के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना है। अलवर जिले से रवाना होकर यह यात्रा हनुमान चौराहा, भाला, बगड़ तिराहा, नाडका, रामगढ़, बीजवा, नौगांवा,मुबारिकपुर, अतरिया,शेखपुर और पापड़ी स्टैंड होते हुए किशनगढ़ बास, तिजारा टापूकडा,भिवाड़ी मार्ग से दिल्ली की ओर गई।
यात्रा में असम से आए लगभग 125 श्रद्धालु शामिल हैं। इसका संचालन श्री गुरु नानक देव गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) द्वारा किया जा रहा है। समिति के प्रतिनिधि परमजीत सिंह ने बताया कि गुरु तेग बहादुर जी ने धार्मिक स्वतंत्रता और मानवता की रक्षा के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान दिया। मुगल शासक औरंगजेब के धर्म परिवर्तन के दबाव को अस्वीकार कर उन्होंने प्राण न्यौछावर किए।
परमजीत सिंह ने कहा कि गुरु जी का संदेश था कि धर्म कभी नहीं बदलेगा, चाहे जीवन ही क्यों न चला जाए। यही संदेश इस यात्रा के माध्यम से जन-जन तक पहुंचाया जा रहा है।
यात्रा में श्रद्धालु गुरु साहिब की पालकी के साथ पैदल कीर्तन करते हुए चल रहे थे। सिख युवाओं ने बाइक रैली के माध्यम से यात्रा के प्रति उत्साह दिखाया। रास्ते भर सिख समुदाय के लोगों ने जलपान और सेवा व्यवस्था की।
सुरक्षा व्यवस्था के लिए रामगढ़ थाना अधिकारी विजेंद्र सिंह और नौगांवॉ थाना अधिकारी भूपेंद्र सिंह ने विशेष व्यवस्था पुलिस प्रशासन द्वारा बनाए रखी नौगांवॉ थाने का सेवा भाव देखते लोगों ने नौगांवा पुलिस प्रशासन का धन्यवाद किया साथ बगड़ तिराहा थाना अधिकारी देशराज चौधरी के नेतृत्व में विशेष पुलिस प्रबंध किए गए।
यात्रा दिल्ली से आगे बढ़कर आनंदपुर साहिब (पंजाब) में संपन्न होगी।

